कौशांबी: वैशकाटी में गहराया जल संकट, निरीक्षण को पहुंचे जल निगम के एक्सईएन का ग्रामीणों ने किया घेराव
कौशांबी के वैशकाटी में जल निगम के एक्सईएन का घेराव। 4 साल से ठप है जलापूर्ति, 2 माह में बहाली का मिला आश्वासन।
कौशांबी। गर्मी की शुरुआत के साथ ही जनपद के ग्रामीण इलाकों में पानी के लिए हाहाकार मचना शुरू हो गया है। विकास खंड क्षेत्र के वैशकाटी गांव में पिछले चार वर्षों से बंद पड़ी जलापूर्ति योजना को लेकर ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया। बुधवार को जब जल निगम मिशन के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) टीम के साथ निरीक्षण करने गांव पहुंचे, तो आक्रोशित ग्रामीणों ने उनका घेराव कर दिया और जमकर नारेबाजी की।
ग्रामीणों का आरोप है कि जल जीवन मिशन के तहत करोड़ों की लागत से बनाई गई यह जलापूर्ति योजना केवल सफेद हाथी साबित हो रही है। पिछले चार वर्षों से तकनीकी खामियों और बोर खराब होने के कारण गांव में पानी की एक बूंद भी सप्लाई नहीं हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि वे कई बार लिखित और मौखिक शिकायतें कर चुके हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों के कान पर जूं तक नहीं रेंगी।
जैसे ही एक्सईएन अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि संतोष सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में ग्रामीण वहां एकत्र हो गए। ग्रामीणों ने अधिकारियों को घेर लिया और उन्हें काफी देर तक मौके पर रोके रखा। ग्रामीणों का तर्क था कि जब तक ठोस आश्वासन और कार्य योजना सामने नहीं आती, वे अधिकारियों को जाने नहीं देंगे। ग्रामीणों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि मूलभूत सुविधाओं के लिए भी उन्हें आंदोलन करने पर मजबूर किया जा रहा है।
मौके पर तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए अधिशासी अभियंता ने ग्रामीणों को शांत कराया। उन्होंने स्वीकार किया कि बोर खराब होने की वजह से समस्या आ रही है। उन्होंने सार्वजनिक रूप से आश्वासन दिया कि खराब बोर की मरम्मत का कार्य तत्काल प्रभाव से शुरू कराया जाएगा और आगामी दो माह के भीतर पाइपलाइन के जरिए जलापूर्ति सुचारू रूप से बहाल कर दी जाएगी।
अधिकारी के भरोसे के बाद ग्रामीणों ने घेराव समाप्त किया, हालांकि उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि तय समय सीमा के भीतर पानी की सप्लाई शुरू नहीं हुई, तो वे जिला मुख्यालय पर बड़ा प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे। इस दौरान गांव के सम्मानित बुजुर्ग और युवा भारी संख्या में मौजूद रहे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0